मेरठ । सावन की कांवड़ यात्रा के दौरान मेरठ के बागपत बाईपास क्षेत्र में आस्था, सेवा और मानवता की मिसाल देखने को मिली। हरिद्वार से पवित्र गंगाजल लेकर लौट रहे एक शिवभक्त परिवार की यात्रा उस समय यादगार बन गई, जब रास्ते में गर्भवती महिला को प्रसव पीड़ा शुरू हो गई। उसे तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) पांचली पहुंचाया गया, जहां उसने स्वस्थ पुत्र को जन्म दिया।
जानकारी के मुताबिक, गाजियाबाद के कुटी निवासी सोनू अपनी पत्नी मनीषा और चार वर्षीय बेटे विनय के साथ हरिद्वार से कांवड़ लेकर वापस लौट रहे थे। सोनू मजदूरी का काम करते हैं। बृहस्पतिवार दोपहर जब परिवार मेरठ के बागपत बाईपास क्षेत्र से गुजर रहा था, तभी नौ माह की गर्भवती मनीषा को अचानक तेज प्रसव पीड़ा होने लगी।
मौके पर मौजूद कांवड़ियों और परिजनों ने तुरंत मदद करते हुए मनीषा को नजदीकी सीएचसी पांचली पहुंचाया। अस्पताल में चिकित्सकों और स्वास्थ्यकर्मियों ने तत्परता दिखाते हुए प्रसव की प्रक्रिया शुरू कराई।
महिला चिकित्सक डॉ. रजनी रानी की देखरेख में मनीषा का सामान्य प्रसव कराया गया, जिसमें उन्होंने एक स्वस्थ पुत्र को जन्म दिया। कांवड़ यात्रा के बीच जन्मे इस बच्चे की खबर से परिवार और आसपास मौजूद लोगों में खुशी का माहौल बन गया।
