
लखनऊ में उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री और केंद्रीय मंत्री ने संयुक्त रूप से नए क्षेत्रीय मौसम विज्ञान केंद्र का शुभारंभ किया। इस अवसर पर डॉ. जितेंद्र सिंह ने कहा कि पिछले एक दशक में देश और विशेष रूप से उत्तर प्रदेश की मौसम पूर्वानुमान अवसंरचना में अभूतपूर्व विस्तार हुआ है।
उन्होंने बताया कि वर्ष 2014 में उत्तर प्रदेश में केवल एक डॉप्लर मौसम रडार था, जबकि अब इसकी संख्या बढ़कर तीन हो गई है और छह नए रडार जल्द ही शुरू किए जाएंगे। इसी तरह स्वचालित मौसम स्टेशनों की संख्या 59 से बढ़कर 107 हो गई है। स्वचालित वर्षामापी यंत्र 132 से बढ़कर 140 हो गए हैं, जबकि बिजली गिरने की घटनाओं की निगरानी के लिए सेंसरों की संख्या शून्य से बढ़कर सात हो गई है।
डॉ. सिंह ने कहा कि केंद्र सरकार के मिशन मौसम कार्यक्रम के तहत अगले दो वर्षों में देशभर में 100 डॉप्लर मौसम रडार स्थापित किए जाएंगे। इससे मौसम की सटीक जानकारी और आपदा पूर्व चेतावनी प्रणाली को और मजबूती मिलेगी। उन्होंने नागरिकों से अपील की कि मौसम विभाग द्वारा जारी प्रारंभिक चेतावनियों को गंभीरता से लें, ताकि प्राकृतिक आपदाओं से होने वाले नुकसान को कम किया जा सके।
