
वाराणसी। शिवपुर बाजार स्थित रेलवे फाटक शहर के सबसे व्यस्त रेलवे क्रॉसिंगों में शामिल है, लेकिन अब यह फाटक लोगों के लिए बड़ी परेशानी का कारण बन गया है। दिनभर लगने वाले भीषण जाम से हजारों लोग रोजाना जूझ रहे हैं। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि वर्षों से रेलवे ओवरब्रिज की मांग की जा रही है, लेकिन अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया।

लोगों के अनुसार इस रेल मार्ग पर ट्रेनों का संचालन लगातार होता रहता है। एक बार फाटक बंद होने के बाद तीन से चार ट्रेनें गुजरने के कारण गेट करीब आधे घंटे या उससे अधिक समय तक बंद रहता है। इस दौरान दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग जाती हैं और पैदल यात्रियों तक का निकलना मुश्किल हो जाता है।

स्थिति कई बार इतनी गंभीर हो जाती है कि ट्रेन आने का सायरन बजने के बावजूद फाटक के बीच फंसे वाहनों के कारण गेट समय पर बंद नहीं हो पाता। जाम हटाने में रेलवे कर्मचारियों और सुरक्षा कर्मियों को काफी मशक्कत करनी पड़ती है, जिससे हादसे की आशंका भी बनी रहती है।
इस महाजाम का सबसे ज्यादा असर स्कूली बच्चों, मरीजों, बुजुर्गों, नौकरीपेशा लोगों और व्यापारियों पर पड़ रहा है। लोगों का कहना है कि घंटों जाम में फंसने से रोजमर्रा की जिंदगी प्रभावित हो रही है। बढ़ते ट्रैफिक को देखते हुए अब शिवपुर रेलवे फाटक पर ओवरब्रिज का निर्माण समय की सबसे बड़ी जरूरत बन गया है।
परेशानी को और बढ़ा रही है आसपास की कॉलोनियों की गेटबंदी। मेहता नगर, नारायण पार्क समेत कई कॉलोनियों के रास्ते पूरे दिन बंद रहने से वे वैकल्पिक मार्ग भी बंद हो गए हैं, जिनका इस्तेमाल लोग फाटक के जाम से बचने के लिए करते थे। नतीजतन पूरा ट्रैफिक मुख्य सड़क पर आ जाता है और जाम की समस्या और विकराल हो जाती है।
स्थानीय नागरिकों का कहना है कि सरकारी धन से बनी सड़कों को पूरे दिन बंद रखना उचित नहीं है। यदि सुरक्षा कारणों से गेट लगाना आवश्यक है तो उन्हें केवल रात के समय बंद रखा जाए और दिन में आम जनता के आवागमन के लिए खोला जाए।
क्षेत्रीय लोगों ने प्रशासन और जनप्रतिनिधियों से शिवपुर रेलवे फाटक पर जल्द से जल्द रेलवे ओवरब्रिज का निर्माण शुरू कराने और वैकल्पिक मार्गों को सुचारु रूप से खोलने की मांग की है, ताकि वर्षों से जाम की समस्या झेल रही जनता को स्थायी राहत मिल सके।
