
वाराणसी-(काशीवार्ता)- पुलिस आयुक्त मोहित अग्रवाल से 48वीं आईटीसी के प्रशिक्षु अधिकारियों ने शिष्टाचार भेंट की। इस दौरान पुलिस कमिश्नर ने अपने अनुभव साझा करते हुए अधिकारियों को आधुनिक और प्रभावी पुलिसिंग के अहम मंत्र दिए। उन्होंने कहा कि “प्रशिक्षण सेवा जीवन का स्वर्णिम काल होता है, जिसमें आत्मबल, साहस, अनुशासन, संवेदनशीलता और ज्ञान का निर्माण होता है।” प्रशिक्षु अधिकारियों को वाराणसी कमिश्नरेट की कार्यप्रणाली से रूबरू कराया गया। उन्हें ट्रैफिक मैनेजमेंट, डायल-112, जल पुलिस, पर्यटक पुलिस, एसओजी, सर्विलांस टीम, ड्रोन और एंटी-ड्रोन सिस्टम, सीसीटीवी कंट्रोल रूम और वीवीआईपी सुरक्षा व्यवस्था की जानकारी दी गई। कमिश्नर ने खासतौर पर श्रावण माह, देव दीपावली और कुम्भ मेला जैसे आयोजनों में भारी भीड़ प्रबंधन की चुनौतियों पर चर्चा की। साथ ही साइबर अपराधों से निपटने के लिए तकनीकी रूप से मजबूत बनने की सलाह दी। उन्होंने भ्रष्टाचार के खिलाफ जीरो टॉलरेंस, महिलाओं और बच्चों से जुड़े अपराधों में त्वरित कार्रवाई, मजबूत विवेचना और जनसेवा को पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता बताया। कार्यक्रम के अंत में पुलिस आयुक्त ने प्रशिक्षु अधिकारियों के साथ सामूहिक भोजन किया और उन्हें मोमेंटो देकर उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं। इस दौरान अपर पुलिस आयुक्त शिवहरी मीणा, आलोक प्रियदर्शी, गौरव बंशवाल समेत कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
