
वाराणसी में गुरुवार को द्वितीय ब्रिक्स संस्कृति कार्य समूह (BRICS Culture Working Group) की बैठक का शुभारंभ पारंपरिक दीप प्रज्ज्वलन के साथ किया गया। बैठक में ब्रिक्स सदस्य देशों के प्रतिनिधियों ने संस्कृति क्षेत्र से जुड़े विभिन्न महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तृत विचार-विमर्श किया।
बैठक के दौरान भारत द्वारा संस्कृति ट्रैक के अंतर्गत निर्धारित प्राथमिकताओं पर चर्चा की गई। इनमें रचनात्मक अर्थव्यवस्था (क्रिएटिव इकोनॉमी), सांस्कृतिक विरासत का संरक्षण, संस्कृति आधारित सतत विकास तथा सांस्कृतिक आदान-प्रदान को बढ़ावा देने जैसे विषय प्रमुख रहे।
इस महत्वपूर्ण बैठक में भारत, ब्राजील, चीन, दक्षिण अफ्रीका, संयुक्त अरब अमीरात (यूएई), इंडोनेशिया और ईरान के प्रतिनिधियों ने प्रत्यक्ष रूप से भाग लिया। वहीं रूस, इथियोपिया और मिस्र के प्रतिनिधि हाइब्रिड माध्यम से बैठक में शामिल हुए।
बैठक का उद्देश्य ब्रिक्स देशों के बीच सांस्कृतिक सहयोग को और अधिक मजबूत करना, साझा सांस्कृतिक पहलों को आगे बढ़ाना तथा सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण एवं रचनात्मक उद्योगों के विकास के लिए आपसी साझेदारी को प्रोत्साहित करना है। यह आयोजन सदस्य देशों के बीच सांस्कृतिक संवाद और सहयोग को नई दिशा देने की दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
