वाराणसी (काशीवार्ता)। धर्म परायण नगरी काशी में जब आस्था का सैलाब उमड़ता है तो गलियों में रहने वाले लोगों की दुश्वारियां बढ़ जाती हैं। ऐसा ही नजारा हर वर्ष विश्वनाथ मंदिर गेट नंबर 1 कोतवालपुरा गली में देखने को मिलता है। बताते चले कि अन्नपूर्णा मंदिर में धनतरेस पर स्वर्ण अन्नपूर्णा के दर्शन एवं मां का खजाना पाने लिए भक्तों की भीड़ उमड़ पड़ती है। यहां आने वाली भीड़ की वजह से क्षेत्रीय लोगों का घर से निकलना दुश्वार हो जाता है। आवागमन में उन्हें असुविधा का सामना करना पड़ता है। धनतेरस से अन्नकूट पर्व तक चार दिन तक कोतवाल पूरा गली मार्ग पर चलना मुश्किल हो जाता है। क्षेत्रीय लोगों को यह चार दिन बंदिशों में गुजारना पड़ता हैं। बताते चलें इस गली में लगभग 70 से अधिक घर है जिसमें सैकड़ों लोग निवास करते हैं। उन्हें आवागमन के लिए जूझना पड़ता है। क्षेत्रिय लोगों का कहना है कि दर्शन का रूट परिवर्तित किया जाए। इसे केनरा बैंक वाली गली रूट कर दिया जाए या फिर कोई वैकल्पिक मार्ग दिया जाए आधार कार्ड देखकर सामान्य तरीके से आवागमन करने की सहूलियत दी जाए।
धनतेरस से अन्नकूट तक दुश्वारियां झेलने को विवश कोतवालपुरा वासी
