
सीपेट के साथ कार्यशाला में तलाशी गई संभावनाएं, आर के चौधरी ने कहा, अब यहीं नवीन तकनीक सीख सकेंगे उद्यमी
वाराणसी(काशीवार्ता)। उद्यमियों के साथ केंद्रीय पेट्रोल, रसायन अभियांत्रिकी एवं प्रौद्योगिकी संस्थान सीपेट के साथ एक जागरूकता कार्यशाला करसड़ा में संपन्न हुई, जिसमे डायरेक्टर डॉ. एस एन यादव ने सीपेट के बारे में बताया साथ ही कहा, यहां की मशीनों एवं रिसर्च डेवलपमेंट का लाभ पूर्वांचल के उद्यमियों को लेना चाहिए। इससे रक्षा एवं मेडिकल के क्षेत्र में अपार संभावनाओं के साथ उद्योगों की स्थापना हो सकती है। वहीं, देश का निर्यात भी बढ़ सकेगा। आयात पर निर्भरता कम होगी। इंडियन इंडस्ट्रीज एसोसिएशन के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष आर के चौधरी ने कहा, निश्चित रूप से सीपेट से पूर्वांचल को लाभ मिलेगा। इससे स्थानीय उद्यमी नवीन तकनीकी एवं प्रौद्योगिकी से अवगत हो सकेंगे। साथ ही जब संस्थान को nabl की रेटिंग मिल जाएगी तो एक्सपोर्ट करने में भी उद्यमियों को सहूलियत होगी।
कार्यशाला के दौरान उद्यमियों के प्रश्न का उत्तर देते हुए मैनेजर टेक्नोलॉजी प्रणत दुबे ने कहा, हाल ही में 30 अक्टूबर को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रीसाइकलिंग प्लांट का उद्घाटन किया, जिससे कचरे अलग-अलग वर्गों में विभाजित करके प्लास्टिक का दाना बनाया जा सकता है।तथा उसे फिर से कार्य में लाया जा सकता है। कचरा प्रबंधन की यह तकनीक उद्यमियों को जरूर अपनानी चाहिए। इससे शहर का कचरा तो साफ होगा ही साथ में आर्थिक उन्नति भी होगी। उद्यमियों ने मशीन वर्कशॉप, आर एंड डी वर्क शॉप का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने उन्नत किस्म की मशीने देखी।इस दौरान गाजीपुर से वशिष्ठ यादव, द स्मॉल इंडस्ट्री एसोसिएशन से नीरज पारीक, आईआईए के डिवीजनल अध्यक्ष अनुपम देव, आईआईए चैप्टर चेयरमैन मनीष कटारिया, सेक्रेटरी गौरव गुप्ता, उमंग गुप्ता, जगदीश झुनझुनवाला, अरविंद अग्रवाल देव भट्टाचार्य सहित भारी संख्या में उद्यमी मौजूद थे।