
वर्ष 2021 से 2025 तक लाखों मरीजों को मुफ्त इलाज के साथ प्रदेश में बना नंबर एक
वाराणसी (काशीवार्ता)। पं.दीनदयाल उपाध्याय राजकीय चिकित्सालय ने प्रदेश में निःशुल्क चिकित्सा सेवा की दिशा में कीर्तिमान स्थापित कर नया इतिहास रचा। वर्ष 2021 से 2025 तक की अवधि में अस्पताल ने लाखों मरीजों को समर्पण भाव से मुफ्त उपचार, जांच व परामर्श की सेवा दी, जिससे यह प्रदेश के सरकारी अस्पतालों में शीर्ष स्थान पर पहुंच गया। मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ.बृजेश कुमार ने इस सफलता का श्रेय पीएम मोदी का नेतृत्व, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ व उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक के मार्गदर्शन के साथ-साथ स्वास्थ्य विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों और जिला प्रशासन की सतत निगरानी को दिया। उन्होंने कहा कि हमारी टीम ने सेवा को संकल्प बनाकर मरीजों के प्रति निष्ठा से कार्य किया है।
सेवा के आंकड़ों ने दिलाया अग्रणी स्थान
- ओपीडी में 11,25,590 मरीजों को देखा गया।
- 58,684 मरीजों को भर्ती कर इंडोर सेवाएं दी गईं।
- 1,29,386 मरीजों को टेलीमेडिसिन सेवा के तहत घर बैठे मुफ्त परामर्श मिला।
- 60,958 मरीजों को निःशुल्क डायलिसिस की सुविधा दी गई।
- एनसीडी क्लिनिक में 86,088 मरीजों को डायबिटीज और हाईपरटेंशन का इलाज मिला।
- पैथोलॉजी में 73,33,635 मरीजों की जांच, एक्स-रे 1,85,456, सीटी स्कैन 69,947, और अल्ट्रासाउंड 58,915 किया गया।
- आभा आईडी रजिस्ट्रेशन पिछले तीन वर्षों में 5,40,250 और वर्ष 2025 में अकेले 1,37,000 हुआ।
- वर्ष 2025 में 189 लैप्रोस्कोपिक ऑपरेशन सफलतापूर्वक संपन्न हुए।
अंतरराष्ट्रीय मंच पर सराहना
डीडीयू अस्पताल के चिकित्सकों द्वारा किए गए शोध को ‘इंटरनेशनल जर्नल ऑफ एकेडमिक मेडिसिन एण्ड फार्मेसी’ में प्रकाशित किया गया, जिससे चिकित्सालय की ख्याति वैश्विक स्तर पर पहुंची।
श्रावण मास में विशेष व्यवस्था
श्रावण मास को ध्यान में रखते हुए अस्पताल ने 10 बेड का विशेष कांवड़िया वार्ड स्थापित किया है, जिससे दूर-दराज से आए श्रद्धालुओं को त्वरित और गुणवत्तापूर्ण चिकित्सा सेवा उपलब्ध कराई जा रही है। सीएमएस ने कहा, कि यह केवल डीडीयू अस्पताल का नहीं, बल्कि प्रदेश की चिकित्सा व्यवस्था की सामूहिक उपलब्धि है। आने वाले समय में भी सेवा भाव से कार्य करते हुए और उत्कृष्ट सेवा प्रदान की जाती रहेगी।